हैदराबाद/संगारेड्डी। तेलंगाना के संगारेड्डी जिले में स्थित एक केमिकल फैक्ट्री में बुधवार को दोपहर के समय हुए भीषण विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला कर रख दिया। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 26 अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जिनमें से 2 से 3 की हालत अत्यंत नाजुक बताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, यह धमाका फैक्ट्री में उस समय हुआ जब श्रमिक नियमित रासायनिक प्रक्रिया में व्यस्त थे। अचानक एक रिएक्टर यूनिट में तेज आवाज के साथ विस्फोट हुआ, जिससे वहां आग लग गई। आग तेजी से फैली और देखते ही देखते पूरी फैक्ट्री को अपनी चपेट में ले लिया। स्थानीय लोगों के अनुसार, धमाके की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनी गई और फैक्ट्री के आसपास का इलाका धुएं और रसायन की दुर्गंध से भर गया।

हैदराबाद/संगारेड्डी। तेलंगाना के संगारेड्डी जिले में स्थित एक केमिकल फैक्ट्री में बुधवार को दोपहर के समय हुए भीषण विस्फोट ने पूरे इलाके को दहला कर रख दिया। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 8 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 26 अन्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जिनमें से 2 से 3 की हालत अत्यंत नाजुक बताई जा रही है। जानकारी के मुताबिक, यह धमाका फैक्ट्री में उस समय हुआ जब श्रमिक नियमित रासायनिक प्रक्रिया में व्यस्त थे। अचानक एक रिएक्टर यूनिट में तेज आवाज के साथ विस्फोट हुआ, जिससे वहां आग लग गई। आग तेजी से फैली और देखते ही देखते पूरी फैक्ट्री को अपनी चपेट में ले लिया। स्थानीय लोगों के अनुसार, धमाके की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनी गई और फैक्ट्री के आसपास का इलाका धुएं और रसायन की दुर्गंध से भर गया।
जिला प्रशासन द्वारा जारी जानकारी के अनुसार 8 श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई। 26 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ को गंभीर हालत में हैदराबाद के बड़े अस्पतालों में रेफर किया गया है। कई घायलों का उपचार संगारेड्डी के स्थानीय अस्पतालों में चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, एनडीआरएफ, स्थानीय पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। फैक्ट्री के अंदर अभी भी कुछ लोग फंसे होने की आशंका जताई जा रही है, जिन्हें निकालने के लिए अभियान तेजी से जारी है। बचाव के दौरान कुछ राहतकर्मी भी धुएं और झुलसने के कारण घायल हुए हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया है। तेलंगाना सरकार ने इस घटना पर गंभीर संज्ञान लिया है। जिला कलेक्टर और एसपी स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी घटना की रिपोर्ट तलब की है और पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस बीच, फैक्ट्री के मालिक और प्रबंधन के खिलाफ जांच के आदेश दिए गए हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि फैक्ट्री में सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, वहां पहले भी सुरक्षा संबंधी खामियों की शिकायतें आ चुकी थीं। घटना के बाद इलाके में भय और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि फैक्ट्री में उचित सुरक्षा उपाय नहीं थे और कामगारों की जान के साथ लापरवाही बरती जा रही थी। कुछ स्थानों पर प्रदर्शन भी हुए, जिन्हें पुलिस ने समझाकर शांत किया। संगारेड्डी की यह घटना एक बार फिर यह सवाल उठाती है कि औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा मानकों को कितनी गंभीरता से लिया जा रहा है। जहां एक ओर यह हादसा कई परिवारों को गहरे शोक में डुबो गया है, वहीं यह प्रशासन और इंडस्ट्रीज़ के लिए एक चेतावनी भी है कि सुरक्षा में कोई चूक भविष्य में और बड़ी त्रासदी बन सकती है।
प्रशासन द्वारा जारी जानकारी के अनुसार 8 श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई। 26 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से कुछ को गंभीर हालत में हैदराबाद के बड़े अस्पतालों में रेफर किया गया है। कई घायलों का उपचार संगारेड्डी के स्थानीय अस्पतालों में चल रहा है। घटना की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड, एनडीआरएफ, स्थानीय पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीम मौके पर पहुंची और बचाव कार्य शुरू किया। फैक्ट्री के अंदर अभी भी कुछ लोग फंसे होने की आशंका जताई जा रही है, जिन्हें निकालने के लिए अभियान तेजी से जारी है। बचाव के दौरान कुछ राहतकर्मी भी धुएं और झुलसने के कारण घायल हुए हैं, जिन्हें प्राथमिक उपचार दिया गया है। तेलंगाना सरकार ने इस घटना पर गंभीर संज्ञान लिया है। जिला कलेक्टर और एसपी स्वयं मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी घटना की रिपोर्ट तलब की है और पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इस बीच, फैक्ट्री के मालिक और प्रबंधन के खिलाफ जांच के आदेश दिए गए हैं। यह पता लगाया जा रहा है कि फैक्ट्री में सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, वहां पहले भी सुरक्षा संबंधी खामियों की शिकायतें आ चुकी थीं। घटना के बाद इलाके में भय और आक्रोश का माहौल है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि फैक्ट्री में उचित सुरक्षा उपाय नहीं थे और कामगारों की जान के साथ लापरवाही बरती जा रही थी। कुछ स्थानों पर प्रदर्शन भी हुए, जिन्हें पुलिस ने समझाकर शांत किया। संगारेड्डी की यह घटना एक बार फिर यह सवाल उठाती है कि औद्योगिक इकाइयों में सुरक्षा मानकों को कितनी गंभीरता से लिया जा रहा है। जहां एक ओर यह हादसा कई परिवारों को गहरे शोक में डुबो गया है, वहीं यह प्रशासन और इंडस्ट्रीज़ के लिए एक चेतावनी भी है कि सुरक्षा में कोई चूक भविष्य में और बड़ी त्रासदी बन सकती है।


